Ek Ladki Bheegi Bhaagi Si – Kishore Kumar – (एक लड़की भीगी-भागी सी)

एक लड़की भीगी-भागी सी
सोती रातों में जागी सी
मिली एक अजनबी से
कोई आगे ना पीछे
तुम ही कहो ये कोई बात है

दिल ही दिल में जली जाती है
बिगड़ी-बिगड़ी चली आती है
मचली-मचली घर से निकली
पगली सी काली रात में
मिली इक अजनबी से…

डगमग-डगमग लहकी-लहकी
भूली भटकी बहकी-बहकी
बलखाती हुई, इठलाती हुई
सावन की सूनी रात में
मिली इक अजनबी से…

तन भीगा है, सर गीला है
उस का कोई पेंच भी ढीला है
तनती झुकती, चलती रुकती
निकली अंधेरी रात में
मिली इक अजनबी से..


Movie/Album: चलती का नाम गाड़ी (1958)
Music By: एस.डी.बर्मन
Lyrics By: मजरूह सुल्तानपुरी
Performed By: किशोर कुमार