Chalo Chalein Mitwa (Purva) – Udit Narayan, Kavita Krishnamurthy, Nayak – (चलो चलें मितवा (पुरवा))

चलो चलें मितवा
चलो चलें मितवा, इन ऊँची नीची राहों में
तेरी प्यारी प्यारी बाहों में कहीं हम खो जाएँ
कभी नींद से जागे हम, कभी फिर सो जाएँ

लाज की रेखा मैं पार कर आई
कुछ भी कहे अब कोई मैं तो प्यार कर आई
ये अभी नहीं होगा, तो कभी नहीं होगा
आ मेरे सजन, कर ले मिलन
काट खाएगा हाय हाय ये प्रेम बिछुआ
चलो चलें मितवा…

आ तुझे अपनी पलकों पे, मैं बिठा के ले चलता हूँ
चल तुझे सारी दुनिया से, मैं छुपाके ले चलता हूँ
मैं तेरे पीछे हूँ, पाँव के नीचे हूँ
नैन भी नीचे हूँ, सुन ओ सैय्याँ ले ले बैय्याँ
ये अभी नहीं होगा…

आग दिल में लग जाती है, नींद अब किसको आती है
नींद आने से पहले ही, याद तेरी आ जाती है
चाँद दीपक बाती, सब हमारे साथी
प्यार के बाराती कल परसों से नहीं बरसों से
ये अभी नहीं होगा…

चलो चलें पुरवा
चलो चलें पुरवा, इन ऊँची नीची राहों में
इन ऊँची नीची राहों में कहीं हम खो जाएँ
कभी नींद से जागे हम, कभी फिर सो जाएँ

नींद से मैं जागी, ले के अंगड़ाई
जग छोड़ा, घर छोड़ा, तेरे साथ मैं आई
ये अभी नहीं होगा तो कभी नहीं होगा
तु मेरी सखी, मैं तेरी सखी
और कोई ये माने-माने ना माने
चलो चलें पुरवा…


Movie/Album: नायक (2001)
Music By: ए.आर.रहमान
Lyrics By: आनंद बक्षी
Performed By: उदित नारायण, कविता कृष्णमूर्ति